January 19, 2009

इस अंक के रचनाकार

परितोष चक्रवर्ती


जन्म तिथि - 7 अप्रैल 1951, सक्ती छत्तीसगढ़ शिक्षा - एमए, बीजे, प्रमुख कृतियां - अंधेरा समुद्र, कोई नाम न दो (प्यार की कहानियां), घर बुनते हुए, सडक़ नं. 30 (सभी कहानी संग्रह), आजा मेरी गाड़ी में बैठ जा (व्यंग्य संग्रह) अक्षरों की नाव, ऊंचाइयों वाला बौनापन (कविता संग्रह), अभिशप्त दाम्पत्य (लघु उपन्यास) मुखौटे (पुरस्कृत नाटक), नक्सलवाद एवं छत्तीसगढ़ पर दो पुस्तिकाएं। स्ट्रइकर, स्ट्रापर एवं कोनी- मति नंदी के बांग्ला उपन्यासों, हरीघास पर नंगे पांव- गौतम कुमार झा एवं मदर टेरेसा- ए.के.गुप्ता की बांग्ला कविताओं का हिन्दी अनुवाद। 20 वर्षों तक सार्वजनिक क्षेत्रों के उद्योगों में अफसरी, 25 वर्ष से पत्रकारिता, अंतिम नौकरी जनसत्ता रायपुर में। संप्रति- कुशाभाऊ ठाकरे विश्वविद्यालय के अंतर्गत स्थापित माधव राव सप्रे राष्ट्रवादी पत्रकारिता शोधपीठ में अध्यक्ष। कुछ पुरस्कार, ढेर से मित्र, स्थानीय व राष्ट्रीय पत्र-पत्रिकाओं में लेखन। पता - सी-29 आकृति, सेक्टर-3, देवेन्द्र नगर, रायपुर (छ.ग.) 492001 मोबाइल 092292 59201
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प्रो. राधाकांत चतुर्वेदी


वनस्पति शास्त्र के प्रोफेसर। प्राचार्य के पद से सेवानिवृत्त। कई पत्रिकाओं में विभिन्न विषयों पर लेख प्रकाशित। अध्ययन में विशेष रूचि। पता - डी - 38 आकृति गार्डेन्स, नेहरु नगर, भोपाल (मप्र)

महावीर अग्रवाल


जन्म - 25 मई 1946 कुरुद रायपुर छत्तीसगढ़ शिक्षा- एम काम, पीएचडी। प्रमुख कृतियां- लाल बत्ती जल रही है, गधे पर सवार 21वीं सदी (व्यंग्य संग्रह), श्वेत कपोत की वसीयत, कुष्ठ और सामाजिक चेतना (रिर्पोताज), न्याय के लिए लड़ता हुआ जटायु (भाऊ समर्थ पर), आखिर कब तक, काशी का जुलाहा (नाटक), छत्तीसगढ़ी लोक नाट्य नाचा, तीजन की कहानी, पंडवानी की खुशबू, ऋतु वर्मा (बाल साहित्य), हबीब तनवीर का रंग संसार आदि कई पुस्तकों का संपादन। पिछले 23 वर्षों से साहित्यिक पत्रिका सापेक्ष का प्रकाशन। पता- संपादक 'सापेक्ष' ए-14, आदर्श नगर, दुर्ग (छत्तीसगढ़) 491003, फोन 0788-2210234

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आलोक सातपुते


शिक्षा - एम काम, देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं के साथ हंस, कथादेश, कादांबिनी, कथाक्रम और समरलोक में लघुकथाओं का निरंतर प्रकाशन तथा आकाशवाणी से कहानियों का प्रसारण। अपने-अपने तालिबान (लघु कथा संग्रह) संप्रति- कार्यकारी संपादक पंचमन (पंचायत ग्रामीण विकास की पत्रिका) पता- झंडा चौक, बजरंग नगर, रायपुर (छत्तीसगढ़)

मोबाइल 9827406575, Email-satputealok@rediffmail.com
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गोविन्द मिश्र


जन्म तिथि-1 अगस्त 1939, अतर्रा बांदा उत्तरप्रदेश में, शिक्षा- हिन्दी साहित्य सम्मेन प्रयाग की विशारद परीक्षा उत्तीर्ण, अंग्रेजी साहित्य में एमए। प्रमुख कृतियां- वह अपना चेहरा, उतरती हुई धूप, लाल पीली जमीन, हुजूर दरबार, तुम्हारी रोशनी में, धीर समीरे, पांच आंगनों वाला घर, फूल, इमारतें और बन्दर, कोहरे में कैद रंग, धूल पौधों पर (उपन्यास) - नये पुराने मां-बाप, अंत:पुर, धांसू, रगड़ खाती आत्महत्यायें मेरी प्रिय कहानियां, अपाहिज, खुद के खिलाफ, खाक इतिहास, पगला बाबा, आसमान कितना नीला, स्थितियां रेखांकित (कहानी संग्रह), धुंध भरी सुर्खी, दर$ख्तों के पार ... शाम, झूलती जड़ें, परतों के बीच और यात्राएं (यात्रा वृत्तान्त ), साथ में कई साहित्यिक निबंध, बाल साहित्य, कविता, एवं साक्षात्कारों का संकन। सम्प्रति - स्वतंत्र लेखन।

पता- एच एक्स 94, ई-7, अरेरा कॉलोनी, भोपाल-462016 (म.प्र.)

फोन नं. 0755- 2467060, मोबाइल 9827560110

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मधु अरोड़ा


कविताओं और लेखों में विशेष रुचि. कई साहित्यकारों के साक्षात्कार लिये जो विभिन्न पत्रिकाओं और नेट पत्रिकाओं में प्रकाशित। पता-एच1/101 रिद्धि गार्डन फिल्म सिटी रोड, मालाड पूर्व मुंबई - 400097

मोबाइल 0983395921

Email-shagunjiyxz@gmail.com

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देवमणि पांडेय


जन्म- 4 जून 1958 को सुलतानपुर (उ.प्र.) शिक्षा - एमए- हिन्दी और संस्कृत, अखिल भारतीय स्तर पर लोकप्रिय कवि और मंच संचालक के रूप में सक्रिय प्रमुख कृतियां- दिल की बातें और खुशबू की लकीरें (काव्य संग्रह)। फि़ल्म पिंजर, हासिल और कहां हो तुम के अलावा कुछ सीरियलों में भी गीत लिखे। 'पिंजर' के गीत 'चरखा चलाती माँ...' को वर्ष 2003 के लिए 'बेस्ट लिरिक आफ दि इयर' पुरस्कार से सम्मानित। संपादित सांस्कृतिक निर्देशिका 'संस्कृति संगम' के द्वारा मुम्बई के रचनाकारों को एकजुट करने में अह्म भूमिका। संप्रति- मुम्बई में एक केंद्रीय सरकारी कार्यालय में कार्यरत। पता- ए-2, हैदराबाद एस्टेट, नेपियन सी रोड, मालाबार हिल, मुम्बई - 400 036

मोबाइल 099210-82126 फोन 022-23632727

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लेखकों से अनुरोध...

उदंती.com एक सामाजिक- सांस्कृतिक वेब पत्रिका है। पत्रिका में सम- सामयिक मुद्दों के साथ पर्यावरण को बचाने तथा पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए उठाए जाने वाले कदमों को प्राथमिकता से प्रकाशित किया जाता है। समाजिक जन जागरण के विभिन्न मुद्दों को शामिल करने के साथ ऐतिहासिक सांस्कृतिक धरोहर से जुड़े लेखों और साहित्य की विभिन्न विधाओं जैसे कहानी, कविता, गीत, गजल, व्यंग्य, निबंध, लघुकथाएं और संस्मरण आदि का भी समावेश किया गया है। उपर्युक्त सभी विषयों पर मौलिक अप्रकाशित रचनाओं का स्वागत है। आप अपनी रचनाएँ Email-udanti.com@gmail.comपर प्रेषित करें।

माटी समाज सेवी संस्था का अभिनव प्रयास
एक बच्चे की जिम्मेदारी आप भी लें...
माटी समाज सेवी संस्था, समाज के विभिन्न जागरुकता अभियान के क्षेत्र में काम करती रही है। पिछले वर्षों में संस्था ने समाज से जुड़े विभिन्न विषयों जैसे शिक्षा, स्वास्थ्य,पर्यावरण, प्रदूषण आदि क्षेत्रों में काम करते हुए जागरुकता लाने का प्रयास किया है। इसी कड़ी में गत कई वर्षों से यह संस्था बस्तर के जरुरतमंद बच्चों की शिक्षा के लिए धन एकत्रित करने का अभिनव प्रयास कर रही है।
बस्तर कोण्डागाँव जिले के कुम्हारपारा ग्राम में बरसों से कारीगर आदिवासियों के बीच काम रही “साथी समाज सेवी संस्था” द्वारा संचालित स्कूल “साथी राऊंड टेबल गुरूकुल” में ऐसे आदिवासी बच्चों को शिक्षा दी जाती है जिनके माता-पिता उन्हें पढ़ाने में असमर्थ होते हैं। प्रति वर्ष एक बच्चे की शिक्षा में लगभग चार हजार रुपए तक खर्च आता है। शिक्षा सबको मिले इस विचार से सहमत अनेक लोग पिछले कई सालों से माटी संस्था के माध्यम से “साथी राऊंड टेबल गुरूकुल” के बच्चों की शिक्षा की जिम्मेदारी लेते आ रहे हैं। पिछले कई वर्षों से माटी समाज सेवी संस्था उक्त स्कूल के लगभग 15 से 20 बच्चों के लिए शिक्षा शुल्क एकत्रित कर रही है। अनुदान देने वालों में शामिल हैं- प्रियंका-गगन सयाल, लंदन मैनचेस्टर, डॉ. प्रतिमा-अशोक चंद्राकर रायपुर, तरुण खिचरिया, दुर्ग (पत्नी श्रीमती कुमुदिनी खिचरिया की स्मृति में), श्री राजेश चंद्रवंशी (पिता श्री अनुज चंद्रवंशी की स्मृति में), क्षितिज चंद्रवंशी (पिता श्री राकेश चंद्रवंशी की स्मृति में)। अरुणा-नरेन्द्र तिवारी रायपुर, पी. एस. राठौर- अहमदाबाद। इस मुहिम में नए युवा सदस्य जुड़ें हैं- आयुश चंद्रवंशी रायपुर, जिन्होंने अपने पहले वेतन से एक बच्चे की शिक्षा की जिम्मेदारी उठायी है, जो स्वागतेय पहल है। इस प्रयास में यदि आप भी शामिल होना चाहते हैं तो आपका तहे दिल से स्वागत है। आपके इस अल्प सहयोग से एक बच्चा शिक्षित होकर राष्ट्र की मुख्य धारा में शामिल तो होगा ही साथ ही देश के विकास में भागीदार भी बनेगा। तो आइए देश को शिक्षित बनाने में एक कदम हम भी बढ़ाएँ। सम्पर्क- माटी समाज सेवी संस्था, पंडरी, रायपुर (छग) 492 004, मोबा.94255 24044, Email- drvermar@gmail.com

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